शहीदों की स्मृति को चिरस्थायी बनाना सरकार का संकल्प: गणेश जोशी

YUGVARTA NEWS

YUGVARTA NEWS

Lucknow, 14 Sep, 2026 07:43 PM
शहीदों की स्मृति को चिरस्थायी बनाना सरकार का संकल्प: गणेश जोशी

देहरादून, 14 सितंबर 2026। उत्तराखंड सरकार ने देश की रक्षा और राष्ट्रसेवा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले चार वीर शहीदों की स्मृतियों को चिरस्थायी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। राज्य सरकार ने चार शहीदों की स्मृति में उनके पैतृक गांवों में शहीद स्मारक एवं शहीद द्वार के निर्माण के लिए वित्तीय और प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की है।

सरकार के निर्णय के तहत केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के शहीद कांस्टेबल विनोद पाल सिंह की स्मृति में उनके पैतृक ग्राम पोस्ट-कैपर्स बारसार, तहसील बालगंगा, जनपद टिहरी गढ़वाल में शहीद स्मारक/शहीद द्वार का निर्माण किया जाएगा।

इसी क्रम में शहीद पैराट्रूपर अमित कुमार अग्रवाल की स्मृति में उनके पैतृक ग्राम कोला-सिल्डी, विकासखंड कल्जीखाल, जनपद पौड़ी गढ़वाल में शहीद द्वार बनाया जाएगा।

वहीं, शहीद नायक भरत सिंह (CRPF) की स्मृति में ग्राम बूंगा मल्ला, तहसील रिखणीखाल, लैंसडाउन, जनपद पौड़ी गढ़वाल में शहीद स्मारक का निर्माण किया जाएगा। शहीद सहायक उपनिरीक्षक राजेन्द्र सिंह (ITBP) की स्मृति में ग्राम कोटी, पोस्ट आमनी, तहसील देवप्रयाग, जनपद टिहरी गढ़वाल में शहीद स्मारक निर्माण को भी स्वीकृति प्रदान की गई है।

शहीदों के सम्मान के लिए सरकार प्रतिबद्ध: गणेश जोशी

सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने इस निर्णय के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री धामी के नेतृत्व में राज्य सरकार शहीदों की स्मृति को सम्मान देने के साथ सैनिकों और उनके आश्रितों के कल्याण के लिए लगातार कार्य कर रही है।

गणेश जोशी ने कहा कि इन शहीद स्मारकों और शहीद द्वारों का निर्माण देश की रक्षा में अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर सपूतों के शौर्य, त्याग और राष्ट्रभक्ति के स्थायी प्रतीक होंगे। इनके माध्यम से शहीदों की गौरवगाथा को आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाने और युवाओं में राष्ट्रसेवा, कर्तव्यनिष्ठा एवं देशभक्ति की भावना को मजबूत करने में मदद मिलेगी।

उन्होंने कहा कि उत्तराखंड को ‘सैनिकों की भूमि’ के रूप में विशेष गौरव प्राप्त है। प्रदेश के वीर सैनिकों और अर्धसैनिक बलों के जवानों ने देश की सीमाओं और आंतरिक सुरक्षा में अदम्य साहस एवं समर्पण के साथ महत्वपूर्ण योगदान दिया है।

सैनिक कल्याण मंत्री ने कहा कि शहीदों की स्मृति में निर्मित होने वाले ये स्मारक उनके सर्वोच्च बलिदान के प्रति राज्य की कृतज्ञता, सम्मान और श्रद्धांजलि के स्थायी प्रतीक होंगे। उन्होंने कहा कि शहीद सैनिकों और उनके परिवारों के सम्मान एवं कल्याण के प्रति राज्य सरकार निरंतर प्रतिबद्ध है।

उन्होंने कहा कि शहीदों के त्याग और बलिदान को सम्मानपूर्वक स्मरण करना तथा उनकी स्मृतियों को संरक्षित रखना सरकार और समाज, दोनों का दायित्व है। शहीदों का बलिदान राष्ट्र की अमूल्य धरोहर है और उनकी गौरवगाथा को आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाना सभी का कर्तव्य है।

आदित्य अमिताभ त्रिवेदी, युगवार्ता

#Uttarakhand #GaneshJoshi #PushkarSinghDhami #ShaheedSmARak #ShaheedDwar #SainikKalyan #IndianArmy #CRPF #ITBP #UttarakhandNews


सर्वाधिक पसंद

Leave a Reply

comments

Loading.....
  1. No Previous Comments found.

moti2