‘बाला गौरिया’ उत्तराखंड की लोक संस्कृति और लोक देवताओं की परंपरा को दुनिया तक पहुंचाएगी: मुख्यमंत्री धामी

मुख्यमंत्री ने फिल्म के टीजर और पोस्टर का किया लोकार्पण, बोले—लोक आख्यानों पर आधारित फिल्मों से नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने का मिलेगा अवसर

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Lucknow, 26 Aug, 2026 09:35 PM
‘बाला गौरिया’ उत्तराखंड की लोक संस्कृति और लोक देवताओं की परंपरा को दुनिया तक पहुंचाएगी: मुख्यमंत्री धामी

देहरादून, 26 अगस्त। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को मुख्यमंत्री आवास में उत्तराखंड की लोक संस्कृति एवं लोक आख्यानों पर आधारित बहुप्रतीक्षित फिल्म ‘बाला गौरिया’ के टीजर और पोस्टर का लोकार्पण किया। हिमाद्रि प्रोडक्शंस के बैनर तले बन रही यह फिल्म उत्तराखंड में न्याय देवता के रूप में प्रतिष्ठित गोलज्यू के बाल जीवन पर आधारित है। फिल्म का निर्देशन नितिन तिवारी और निर्माण मनोज चंदोला कर रहे हैं। फिल्म के अक्टूबर के प्रथम सप्ताह में रिलीज होने की संभावना है।

टीजर और पोस्टर के लोकार्पण के अवसर पर मुख्यमंत्री ने फिल्म की पूरी टीम को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की लोक संस्कृति, लोक परंपराएं, लोकगाथाएं और लोक देवताओं की समृद्ध विरासत प्रदेश की विशिष्ट पहचान हैं। ‘बाला गौरिया’ जैसी फिल्में इस विरासत को नई पीढ़ी से जोड़ने के साथ ही देश-दुनिया के सामने उत्तराखंड की सांस्कृतिक पहचान को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं।

फिल्म निर्माण और फिल्म पर्यटन को बढ़ावा दे रही सरकार

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखंड में फिल्म निर्माण और फिल्म पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। उत्तराखंड की प्राकृतिक सुंदरता, समृद्ध लोक संस्कृति और विविध भौगोलिक परिस्थितियां इसे फिल्म निर्माण के लिए विशेष रूप से उपयुक्त बनाती हैं।

उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि देश-विदेश के फिल्म निर्माताओं को प्रदेश में शूटिंग के लिए बेहतर वातावरण, आवश्यक सुविधाएं और अनुकूल व्यवस्थाएं उपलब्ध कराई जाएं। राज्य की पर्यटन नीति में फिल्म पर्यटन को प्रोत्साहित करने, शूटिंग के लिए प्रोत्साहन एवं त्वरित अनुमति व्यवस्था विकसित करने तथा विभिन्न स्थानों पर फिल्म सिटी विकसित करने की दिशा में भी प्रावधान किए गए हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड को फिल्म शूटिंग के लिए पसंदीदा डेस्टिनेशन बनाने के साथ स्थानीय युवाओं को फिल्म निर्माण से जुड़े रोजगार और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। इससे प्रदेश की आर्थिकी को गति मिलने के साथ उत्तराखंड की कला, संस्कृति, बोली-भाषा, लोक परंपराओं और पर्यटन स्थलों को देश-दुनिया में व्यापक पहचान मिल सकती है।

लोक देवताओं और लोकगाथाओं के संरक्षण पर जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के लोक देवताओं और लोक आख्यानों में सदियों पुरानी सांस्कृतिक चेतना, परंपराएं और जीवन मूल्य समाहित हैं। इनका संरक्षण कर नई पीढ़ी तक पहुंचाना सामूहिक जिम्मेदारी है।

उन्होंने फिल्म निर्माताओं से उत्तराखंड की अन्य लोकगाथाओं, लोक देवताओं और सांस्कृतिक परंपराओं पर भी फिल्में बनाने के लिए आगे आने का आह्वान किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार स्थानीय प्रतिभाओं और उत्तराखंड की लोक संस्कृति को प्रोत्साहित करने के लिए फिल्म निर्माताओं को हरसंभव सहयोग प्रदान करेगी।

उन्होंने कहा कि ‘बाला गौरिया’ जैसी फिल्मों के माध्यम से उत्तराखंड की लोक थातियों को व्यापक मंच मिलने के साथ प्रदेश के पर्यटन को भी नई पहचान मिलने की उम्मीद है।

इस अवसर पर फिल्म निर्माता मनोज चंदोला सहित फिल्म से जुड़े कलाकार और अन्य टीम सदस्य उपस्थित रहे।

आदित्य अमिताभ त्रिवेदी, युगवार्ता

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