केंद्रीय योजनाओं की फंडिंग में देरी नहीं चलेगी, मुख्य सचिव ने अफसरों को दिए सख्त निर्देश

YUGVARTA NEWS

YUGVARTA NEWS

Lucknow, 23 Jun, 2026 06:17 PM
केंद्रीय योजनाओं की फंडिंग में देरी नहीं चलेगी, मुख्य सचिव ने अफसरों को दिए सख्त निर्देश

देहरादून। उत्तराखंड में केंद्रीय प्रायोजित योजनाओं और विकास परियोजनाओं को गति देने के लिए सरकार ने प्रशासनिक और तकनीकी स्तर पर सुधार प्रक्रिया तेज कर दी है। Anand Bardhan ने सचिवालय में आयोजित सचिव समिति की बैठक में अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि केंद्रीय योजनाओं में जरूरी तकनीकी, संस्थागत और नीतिगत सुधार तत्काल लागू किए जाएं, ताकि केंद्र सरकार और बाह्य सहायतित परियोजनाओं से मिलने वाली धनराशि समय पर और पूरी मात्रा में प्राप्त हो सके।

मुख्य सचिव ने कहा कि सभी विभाग केंद्रीय प्रायोजित योजनाओं में अपेक्षित नवीन अपडेशन, इनोवेशन और तकनीकी सरलीकरण को प्राथमिकता के आधार पर लागू करें। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों की रफ्तार बनाए रखने के लिए यह जरूरी है कि केंद्र से मिलने वाली वित्तीय सहायता में किसी प्रकार की देरी न हो और इसके लिए विभागों को अपनी प्रक्रियाएं अधिक प्रभावी बनानी होंगी।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिन विभागों को नई आईटी आधारित सेवाओं और नवाचारों का ट्रायल करना है, वे बिना किसी देरी के परीक्षण प्रक्रिया पूरी करें। साथ ही जिन योजनाओं का कार्य पूरा हो चुका है, उनसे संबंधित उपयोगिता प्रमाण पत्र (Utilization Certificate) और अन्य जरूरी दस्तावेज निर्धारित समय सीमा के भीतर भेजे जाएं, ताकि अगली किस्त या संबंधित धनराशि समय पर प्राप्त हो सके।

मुख्य सचिव आनंद बर्धन ने यह भी कहा कि जहां नई नीतियां बनाने या वर्तमान नीतियों में संशोधन की आवश्यकता है, वहां तत्काल प्रभाव से कार्रवाई की जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य में केंद्रीय सहायता से चल रही विकास योजनाओं को तेजी से आगे बढ़ाने के लिए प्रशासनिक सुगमता और तकनीकी आत्मसातीकरण बेहद आवश्यक है।

उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि राज्य के विकास कार्यों में किसी प्रकार की देरी या प्रक्रियागत बाधा न आने पाए और केंद्र से मिलने वाले संसाधनों का अधिकतम लाभ प्रदेश के विकास में सुनिश्चित किया जाए।

सरकार के इस कदम को उत्तराखंड में विकास परियोजनाओं की गति बढ़ाने और केंद्रीय निधियों के बेहतर उपयोग की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।


सर्वाधिक पसंद

Leave a Reply

comments

Loading.....
  1. No Previous Comments found.

moti2