गौलापार स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी के निर्माण में गुणवत्ता से समझौता नहीं, तय समय में पूरे हों सभी कार्य: सीएम धामी
मुख्यमंत्री ने निर्माण कार्यों की समीक्षा की, नई खेल नीति, खेल विजन और लिगेसी प्लान के अनुरूप विश्वस्तरीय खेल अवसंरचना विकसित करने के दिए निर्देश
YUGVARTA NEWS
Lucknow, 7 Aug, 2026 10:34 PMदेहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को मुख्यमंत्री आवास में उत्तराखंड क्रीड़ा विश्वविद्यालय (स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी), गौलापार (नैनीताल) के निर्माण कार्यों की विस्तृत समीक्षा करते हुए अधिकारियों को सभी कार्य निर्धारित समयसीमा के भीतर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि निर्माण की गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाएगा।
बैठक में खेल विभाग ने विश्वविद्यालय परिसर में विकसित की जा रही खेल अवसंरचना, शैक्षणिक भवनों, प्रशिक्षण सुविधाओं, छात्रावासों, स्पोर्ट्स साइंस सेंटर, अनुसंधान सुविधाओं तथा अन्य निर्माण कार्यों की प्रगति का प्रस्तुतीकरण किया।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि उत्तराखंड स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी केवल एक शैक्षणिक संस्थान नहीं, बल्कि राज्य के खेल भविष्य को नई दिशा देने वाली महत्वाकांक्षी परियोजना है। इसलिए इसके प्रत्येक निर्माण कार्य में तकनीकी मानकों, पारदर्शिता और दीर्घकालिक उपयोगिता का विशेष ध्यान रखा जाए।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि विश्वविद्यालय का विकास राज्य की नई खेल नीति, खेल विजन और लिगेसी प्लान के अनुरूप किया जाए, ताकि यह संस्थान खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों, खेल वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं के लिए विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध करा सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि परिसर में आधुनिक प्रशिक्षण केंद्र, अंतरराष्ट्रीय मानकों के खेल मैदान, इनडोर और आउटडोर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, स्पोर्ट्स साइंस एवं स्पोर्ट्स मेडिसिन सुविधाएं, हाई-परफॉर्मेंस ट्रेनिंग सेंटर तथा खेल प्रबंधन और खेल अनुसंधान से जुड़ी अत्याधुनिक व्यवस्थाओं को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि यह विश्वविद्यालय प्रदेश के युवाओं के लिए खेल शिक्षा, प्रशिक्षण, अनुसंधान और रोजगार के नए अवसर सृजित करेगा।
धामी ने कहा कि राज्य सरकार खेल प्रतिभाओं की पहचान कर उन्हें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के लिए तैयार करने की दिशा में लगातार कार्य कर रही है। जिला और ब्लॉक स्तर तक खेल सुविधाओं का विस्तार, खिलाड़ियों को प्रशिक्षण, उपकरण, पोषण और प्रतियोगिताओं में भागीदारी के लिए आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि सरकार की खेल नीति का उद्देश्य केवल पदक जीतना नहीं, बल्कि प्रदेश में खेल संस्कृति को बढ़ावा देना, युवाओं को स्वस्थ जीवनशैली के लिए प्रेरित करना और खेलों को शिक्षा, कौशल एवं रोजगार से जोड़ना है। इसी सोच के तहत खेल विजन और लिगेसी प्लान के माध्यम से दीर्घकालिक खेल पारिस्थितिकी तंत्र विकसित किया जा रहा है, जिससे उत्तराखंड राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खेल मानचित्र पर मजबूत पहचान बना सके।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को विश्वविद्यालय परियोजना की नियमित समीक्षा, निर्माण कार्यों में पारदर्शिता, तकनीकी मानकों के कड़ाई से पालन और समयबद्ध प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
बैठक में कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या, विशेष प्रमुख सचिव अमित सिन्हा तथा खेल विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।



No Previous Comments found.